नगर पालिका का भाजपा पार्षद को नोटिस से अवैध वसूली का मामला गरमाया
अध्यक्ष गीता पुजारी बोलीं- पहले भी दी गई थी चेतावनी, परिषद में होगा निर्णय

बीजापुर (हिन्दसत)। नगर पालिका क्षेत्र में फुटपाथ दुकानदारों और अस्थायी व्यापारियों से कथित अवैध वसूली का मामला एक बार फिर चर्चा में है। इस बीच नगर पालिका परिषद बीजापुर द्वारा मई 2026 में जारी एक नोटिस सामने आया है, जिसमें पार्षद मुकेश राठी को बिना निविदा प्राप्त किए अस्थायी दुकान शुल्क की वसूली बंद करने के निर्देश दिए गए थे।

नगर पालिका द्वारा 19 मई 2026 को जारी नोटिस में उल्लेख किया गया है कि परिषद को शिकायत प्राप्त हुई थी कि नगर पालिका के स्वामित्व वाले अस्थायी दुकानों और फुटपाथ पर संचालित व्यवसायियों से बिना वैध निविदा प्रक्रिया के शुल्क वसूला जा रहा है। नोटिस में इसे छत्तीसगढ़ नगरपालिका अधिनियम 1961 का उल्लंघन बताते हुए तत्काल वसूली बंद करने तथा पूर्व में वसूली गई राशि की जानकारी देकर नगर पालिका के राजस्व खाते में जमा कराने के निर्देश दिए गए थे।
सूत्रों के अनुसार नगर के सब्जी बाजार, बस स्टैंड और अन्य सार्वजनिक स्थलों पर संचालित ठेलों एवं गुमटियों से प्रतिदिन शुल्क वसूले जाने की शिकायतें लंबे समय से मिल रही हैं। आरोप यह भी है कि वसूली के दौरान नगर पालिका के नाम की रसीदें जारी की गईं, जिन पर अधिकृत मुहर और हस्ताक्षर नहीं थे।

मुख्य नगर पालिका अधिकारी बंसीलाल नरोटी ने स्पष्ट किया है कि बाजार शुल्क वसूली के लिए कोई टेंडर जारी नहीं किया गया है और न ही किसी व्यक्ति को ठेका दिया गया है। उन्होंने कहा कि यदि कोई व्यक्ति नगर पालिका के नाम पर अवैध वसूली कर रहा है तो उसके विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
नगर पालिका परिषद अध्यक्ष गीता पुजारी ने कहा कि संबंधित पार्षद को पूर्व में भी इस प्रकार की वसूली बंद करने के लिए कहा गया था। उन्होंने बताया कि परिषद की बैठक में इस विषय पर चर्चा कर आवश्यक निर्णय लिया जाएगा।
वहीं पार्षद मुकेश राठी ने सभी आरोपों को निराधार बताते हुए कहा है कि उन्हें बदनाम करने की साजिश की जा रही है।



